राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सचिन पायलट ने कहा कि 8 नवम्बर, 2016 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नोटबंदी की घोषणा करते हुए दावा किया था कि नोटबंदी से कालेधन, आतंकवाद में काम आने वाली मुद्रा व नकली नोटों पर अंकुश लगेगा, परंतु नोटबंदी की घोषणा हुए एक वर्ष पूरा होने वाला है, लेकिन सरकार के उन दावों पर नोटबंदी का कोई असर सामने नहीं आया है। उन्होंने कहा कि नोटबंदी के कारण बैंकों व एटीएमों की लाइनों में भूखे-प्यासे खड़े रहने के कारण 100 से ज्यादा लोगों की जान चली गई और देश के लघु व मध्यम उद्योगों पर विपरीत प्रभाव पड़ने से काम-धंधे बंद हो गए हैं। इसके अलावा लोग बेरोजगार हो गए हैं। कृषि पर नोटबंदी का विपरीत असर होने से खरीफ की बुआई पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा था और किसानों को खाद-बीज खरीदने के लिए पैसे की किल्लत का सामना करना पड़ा। नोटबंदी ने भारत की अर्थव्यवस्था को बुरी तरह से प्रभावित किया है और देश की विकास दर दो प्रतिशत तक गिर गई है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार की ऐतिहासिक गलती का विरोध करने के लिए 8 नवम्बर को पूरे प्रदेश में जिला मुख्यालयों पर विरोध-प्रदर्शन कर काला दिवस मनाया जाएगा। कांग्रेसजन इस दिन जिला मुख्यालयों पर काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन कर धरना देंगे और इसी क्रम में संभाग मुख्यालय पर रात्रि 8 बजे कैंडल मार्च निकालकर विरोध दर्ज करवाया जाएगा।

इस क्रम में राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष सचिन पायलट ने गुरुवार को प्रदेश कांग्रेस मुख्यायल पर प्रदेश कांग्रेस के पदाधिकारियों की बैठक लेकर 8 नवम्बर को आयोजित होने वाले कार्यक्रमों को लेकर दिशा-निर्देश दिए। पायलट के निर्देश पर 5 व 6 नवम्बर को जिलों के प्रभारी पदाधिकारी संबंधित जिलों में जाकर 8 नवम्बर को आयोजित होने वाले कार्यक्रमों के संबंध में तैयारी बैठक लेंगे।
